“स्कैन करें – फीडबैक भरें” योजना – आमजन से पुलिस कार्यवाही पर सीधा फीडबैक प्राप्त करने हेतु कटनी पुलिस द्वारा “स्कैन करें – फीडबैक भरें” योजना प्रारंभ की गई। थानों एवं पुलिस इकाइयों में क्यूआर कोड लगाए गए, जिन्हें स्कैन कर नागरिक अपनी प्रतिक्रिया दर्ज कर रहे हैं। मासिक इकाईवार रैंकिंग के माध्यम से पुलिस सेवाओं की गुणवत्ता में निरंतर सुधार किया जा रहा है।
ऑपरेशन शिकंजा (ड्रग्स एवं शराब माफिया) – अवैध शराब, गांजा व नशीली दवाओं के विरुद्ध चलाए गए ऑपरेशन शिकंजा में 3929 प्रकरण दर्ज कर 4011 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया तथा करीब ₹1.58 करोड़ की मादक सामग्री जब्त की गई।
“आपका सारथी कौन” योजना – रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों, विशेषकर महिलाओं की सुरक्षा हेतु योजना शुरू की गई। ऑटो चालकों का सत्यापन कर यूनिक चालक नंबर जारी किए गए। ऑटो में QR कोड लगाए गए जिससे चालक की जानकारी तुरंत मिलती है। शिकायत पर त्वरित कार्यवाही व अच्छे चालकों को सम्मान दिया गया।
“कटनी की सजग दृष्टि” — तकनीकी पहल – कटनी पुलिस द्वारा “कटनी की सजग दृष्टि” परियोजना प्रारंभ की गई। जिसमें विधायक निधि से ₹15 लाख की लागत से शहर के 26 प्रमुख स्थानों पर 85 सीसीटीवी कैमरे स्थापित किए गए। इनकी निगरानी पुलिस कंट्रोल रूम से की जा रही है । जिससे अपराध नियंत्रण, यातायात निगरानी एवं डिजिटल साक्ष्य संकलन में प्रभावी सहायता मिली है।
“नो हेलमेट – नो अटेंडेंस” अभियान – कटनी जिले को जीरो एक्सीडेंटल फैटेलिटी बनाने के उद्देश्य से “नो हेलमेट – नो अटेंडेंस” नीति लागू की गई। इसके तहत बिना हेलमेट दोपहिया वाहन से आने वाले कर्मियों को प्रवेश नहीं दिया गया एवं उनकी अनुपस्थिति दर्ज की गई। सभी शासकीय/अशासकीय कार्यालयों, स्कूल, कॉलेज, फैक्ट्रियों व संस्थानों को यह नीति अपनाने के निर्देश दिए गए, जिससे हेलमेट उपयोग में उल्लेखनीय वृद्धि हुई। कटनी पुलिस द्वारा विभिन्न संस्थानों के माध्यम से निःशुल्क 1000 से अधिक हेलमेट भी वितरित किए गए ।
कटनी को जाम-मुक्त बनाने कटनी पुलिस एवं नगर निगम का संयुक्त अभियान : स्टेशन रोड सहित प्रमुख मार्गों कटनी शहर में यातायात व्यवस्था को सुचारू एवं जाम-मुक्त बनाने के उद्देश्य से कटनी पुलिस एवं नगर निगम द्वारा भीड-भाड एवं ट्रैफिक जोन जैसे स्टेशन रोड, गोल बाजार, रूई बाजार, सुभाष चौक, विश्वकर्मा पार्क में सहित प्रमुख मार्गों को अतिक्रमण मुक्त कर सड़क चौडीकरण किया एवं ऑटो/ईरिक्शा का स्टैंड निर्धारित किया । उक्त स्थानों से सेंट्रल पार्किग को हटाकर विश्वकर्मा पार्क, रामलीला मैदान एवं रेलवे स्टेशन शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में दोपहिया-चारपहिया वाहनों हेतु पार्किंग स्लॉट उपलब्ध कराया गया ।