कलेक्टर जनता के बीच पहुंच कर सुनेंगे समस्यायें। ढीमरखेड़ा में जनसुनवाई मंगलवार 13 जनवरी को।
कटनी कलेक्टर आशीष तिवारी ने जनता के बीच पहुंच कर, उनसे जनसंवाद कर ,शिकायतों और उनकी स्थानीय समस्याओं को जानने की अभिनव और संवेदनशील पहल की है। इसके लिए कलेक्टर स्वयं विकासखंड मुख्यालय पर पहुंच कर जनसमस्याओं और शिकायतों से रू-ब-रू होंगें और उनके निराकरण हेतु अधिकारियों को निर्देशित करेंगे। कलेक्टर श्री तिवारी मंगलवार 13 जनवरी को सुबह 11 बजे से जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा में आयोजित जनसुनवाई में उपस्थित रहेंगे।
जारी कार्यक्रम के अनुसार मंगलवार 20 जनवरी को जनपद पंचायत बहोरीबंद में, मंगलवार 27 जनवरी को जनपद पंचायत रीठी में, मंगलवार 3 फरवरी को जनपद पंचायत बड़वारा में और मंगलवार 10 फरवरी को जनपद पंचायत विजयराघवगढ़ में दोपहर 11 बजे से 1 बजे तक जनपद स्तरीय जनसुनवाई आयोजित की जायेगी।
जिले के विभिन्न स्थानों में आयोजित होने वाले जनसुनवाई कार्यक्रम की सबसे बड़ी खासियत यह होगी कि इस अभिनव पहल के प्रणेता एवं सूत्रधार कलेक्टर श्री तिवारी सहित सभी महकमों के जिला अधिकारी, एसडीएम, एसडीओपी और संबंधित तहसील और विकासखंड स्तरीय अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहेंगे। इसके लिए कलेक्टर श्री तिवारी ने सभी की उपस्थिति के लिए विधिवत निर्देश भी प्रदान किया है। जनसुनवाई कार्यक्रम के बाद सभी विभागों के जिला अधिकारी अपने विभाग की संचालित योजनाओं एवं कार्यक्रमों के मैदानी क्रियान्वयन का जायजा लेंगे।
कलेक्टर श्री तिवारी ने इस जनसुनवाई कार्यक्रम के आयोजन के लिये संबंधित जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को समन्वय अधिकारी जबकि अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है।
कलेक्टर श्री तिवारी ने निर्देशित किया है कि इस जनसुनवाई के साथ-साथ जिला स्तर से चयनित आवेदन, शिकायतों में लोक सेवा गारंटी अधिनियम, सीएम हेल्पलाईन में 50 दिवस से अधिक समय की लंबित आवेदन, शिकायतों का रैंडमली चयन किया जाकर सुनवाई की जावेगी। सभी विभाग प्रमुखों को निर्देशित किया गया है कि तय दिवसों में किसी भी स्थिति में समक्ष में अनुमति लिये बिना जनसुनवाई कार्यक्रम से कोई भी जिला अधिकारी अनुपस्थित नहीं रहेंगें।
कलेक्टर श्री तिवारी ने जनसुनवाई में समस्त जिला प्रमुखों, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व, अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस), मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत, तहसीलदार, थाना प्रभारी, वन क्षेत्रपाल एवं समस्त विकासखण्ड अधिकारी तथा अन्य को उपस्थित रहने के निर्देश दिये हैं।